विश्व हिंदी परिषद की जिला कार्यकारिणी गठित, प्रदेश अध्यक्ष ने सौंपा नियुक्ति पत्र,,
विश्व हिंदी परिषद ने जांजगीर-चांपा में सौंपी नई जिम्मेदारियां, जिला कार्यकारिणी को नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया,,

विश्व हिंदी परिषद की जिला कार्यकारिणी गठित, प्रदेश अध्यक्ष ने सौंपा नियुक्ति पत्र
विश्व हिंदी परिषद ने जांजगीर-चांपा में सौंपी नई जिम्मेदारियां, जिला कार्यकारिणी को नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया
जांजगीर चाम्पा। रिपोर्ट कृष्णा टण्डन। विश्व हिंदी परिषद जांजगीर-चांपा द्वारा जिला स्तरीय प्रथम साहित्यिक गोष्ठी एवं नवनियुक्त पदाधिकारियों का शपथ ग्रहण समारोह रविवार को शील साहित्य परिषद, जांजगीर के सभागार में संपन्न हुआ। यह गरिमामयी कार्यक्रम विश्व हिंदी परिषद की प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संगीता बनाफर के मुख्य आतिथ्य तथा वरिष्ठ साहित्यकार ईश्वरी यादव की अध्यक्षता में आयोजित किया गया। विशिष्ट अतिथि के रूप में अरुण तिवारी, शिक्षाविद् रामरतन तंबोली एवं संगीताचार्य रामजी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का सफल संचालन दीपक यादव एवं कवि गोष्ठी का अनुभव तिवारी ने किया। समारोह को मुख्य अतिथि की आसंदी से संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संगीता बनाफर ने कहा कि वैचारिक धरातल पर यदि हम मनन करें, तो हिंदी केवल अभिव्यक्त होने का माध्यम या अक्षरों का समुच्चय मात्र नहीं है; यह भारतवर्ष की आत्मिक धड़कन, हमारी चिति और सांस्कृतिक सातत्य की संवाहिका है। वैश्विक पटल पर मॉरीशस से लेकर सूरीनाम, फिजी और पाश्चात्य देशों तक गूंजती यह ध्वनि प्रमाणित करती है कि हिंदी विश्व की सर्वाधिक वैज्ञानिक, समृद्ध और कालजयी भाषा है। इस वैश्विक विस्तार को सुदृढ़ बनाने के लिए हमें जमीनी स्तर पर इसके प्रचार-प्रसार पर गहनता से कार्य करना होगा। परम हर्ष का विषय है कि ‘विश्व हिंदी परिषद’ निरंतर यही भगीरथ कार्य कर रहा है। परिषद का प्रत्येक प्रकल्प और यह नवगठित जिला कार्यकारिणी इसी संकल्पना को साकार करने के लिए समर्पित है।

हमारा उद्देश्य हिंदी को विश्वमंच पर सर्वमान्य भाषा के रूप में पूर्णतः स्थापित करना है। इस विशेष अवसर पर परिषद के राष्ट्रीय महासचिव डॉ. विपिन कुमार के मनोनयन पत्रानुसार, छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग के जिला समन्वयक एवं युवा साहित्यकार सुरेश पैगवार को जिला अध्यक्ष नियुक्त किया गया। उनके नेतृत्व में गठित नई कार्यकारिणी में छंद मर्मज्ञ संतोष कश्यप को संयोजक, प्रख्यात गीतकार अनुभव तिवारी को उपाध्यक्ष, चर्चित युवा गीतकार उमाकान्त टैगोर को महामंत्री, प्रसिद्ध कवयित्री संतोषी महंत ‘श्रद्धा’ को संयुक्त मंत्री, युवा कवि योगेश्वर सिंह राठौर को कोषाध्यक्ष तथा वरिष्ठ पत्रकार दीपक यादव को मीडिया प्रभारी का दायित्व सौंपा गया। इस अवसर पर मीनाक्षी मेडिकल स्टोर के संचालक एवं विश्व हिंदी परिषद के संरक्षक दीपक गोयल जी द्वारा एक एसी शील साहित्य परिषद को प्रदान करने की घोषणा की गई। परिषद का प्रमुख लक्ष्य हिंदी को विश्वभाषा के रूप में स्थापित करना तथा राष्ट्रभाषा के रूप में उसकी सशक्त पहचान सुनिश्चित करना है। इसी दिशा में परिषद द्वारा सदस्यता अभियान, जनजागरण कार्यक्रम, साहित्यिक प्रतियोगिताएँ और नवोदित रचनाकारों के लिए मंच उपलब्ध कराने जैसे अनेक रचनात्मक कार्य किए जा रहे हैं। मनोनयन पत्र में परिषद के राष्ट्रीय महासचिव डॉ. विपिन कुमार ने विश्वास व्यक्त किया है कि यह संपूर्ण टीम अपने सामूहिक प्रयास, समर्पण और सक्रियता से जिले में परिषद को नई दिशा और सशक्त विस्तार देगी। इस अवसर पर मीनाक्षी मेडिकल स्टोर के संचालक, जिला औषधि विक्रेता संघ के कोषाध्यक्ष एवं विश्व हिंदी परिषद के संरक्षक दीपक गोयल जी द्वारा एक एसी शील साहित्य परिषद को प्रदान करने की घोषणा की गई। इन्हें शील साहित्य परिषद के वरिष्ठ साहित्यकार और संरक्षक विजय राठौर, ईश्वरी प्रसाद यादव, सतीश कुमार सिंह तथा दीपक गोयल को संरक्षक बनाया गया । कार्यकारिणी सदस्यों में भैया लाल नागवंशी, दिनेश रोहित चतुर्वेदी, दयानन्द गोपाल, व्यास सिंह गुमसुम, गौरव राठौर, अपर्णा शर्मा, पुनीता दरियाना, अंकित राठौर, हर प्रसाद निडर, हजारी लाल कुर्रे, रोशन केशरवानी, प्रमोद आदित्य को कार्यकारिणी बनाया गया । इसके लिए शील साहित्य परिषद के राम गोपाल राठौर, महेश राठौर मलय, कमलेश मिश्रा, डॉ संतोष यादव, रामरतन तम्बोली, गोपाल साहू,उमेश यादव, डॉ चंदरकिरण सोनी, सनत पटेल, सूरज खरे आदि साहित्यकारों ने हर्ष व्यक्त किया।



